कभी कभी मेरे दिल में ख़्याल आता है

बड़ीईईईई….मुश्किल है. आशीष रस्तोगी की पोस्ट पर जा कर एक पुराना गाना याद आया. कभी कभी मेरे दिल में ख़्याल आता है….. गाना हमारे टाइम का है सो आज की तारीख में उसके अर्थ बदले से लगते हैं. साहिर लुधियानवी राजनीतिक चिंतन की दृष्टि से मेरे पड़ोसी थे. आह!! यह क्या किया उन्होंने. तब अपना-सा लगने वाला यह गाना आज साहिर का भी नहीं लगता.
यह गाना कैंपस में किसी लड़की को सुनाते तो दोनों संभावनाएँ हो सकती थीं, स्वीकार कर लिया गया होता या आँखों से तरेर दिया गया होता. सत्तर के दशक में पंजाब यूनीवर्सिटी कैंपस की सभी लड़कियाँ पूँजीवादी थीं और लड़के मार्क्सवादी. तिस पर इस गीत की अगली पंक्ति ही खतरनाक थी- कि जैसे तुझ को बनाया गया है मेरे लिए. अरे बाप रे, यह कैसे कहा भई? मुझे उसके लिए बनाया गया है, इसकी गारंटी मैं दे सकता हूँ. उसे मेरे लिए बनाया गया है, इसकी क्या गारंटी है. सितारों में तो उस समय मैं बस रही थी. मुझे तेरे के लिए ज़मीं पे उतारा गया था, यह पहले बताया जाना चाहिए था. लेकिन नहीं बताया गया. ज़ाहिर है गीत की शायरी शुद्ध सामंती विचारधारा की है. यह शादी की नहीं बल्कि प्राण जैसे मँजे कलाकार और खलनायक के लिए लिखी गई सिचुएशन है कि सुहागरात को तीखी आँखों वाले व्यक्ति की घंटियों जैसी आवाज़ नायिका के कानों में पड़ती है, “तुम्हें हमारे लिए बनाया गया है, मछली….अँह..अँह…अँह…”. और नायिका कहती है, “जी प्रेम नाथ”. शायद “जी प्राण नाथ” कहना था.

आज की तारीख में मुझे एक और-सा सुंदर ख़्याल आता है. अहम्…..यदि लड़कियों को प्राण जैसा खूब हैंडसम, रईस, सामंत टाईप पति का लाइफ़ स्टाइल और उसकी 10000 एकड़ में फैली इस्टेट अपनी-सी लगे तो? ऐसे ज़ुल्मी पर दिल आ ही जाए तो? सिचुएशन तो बदल गई न साहिर भाई. इसमें आपका गाना सहीईईई साबित हो रहा है. बड़ीईईईई….मुश्किल है.

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33 Responses to कभी कभी मेरे दिल में ख़्याल आता है

  1. Pallavi says:

    क्या बात है अंकल !!! आप को भी गाने का चस्का लाग ही गया आखिर 🙂 संगीत मय एवं बढ़िया पोस्ट के बधाई….

  2. ZEAL says:

    .

    Situations has indeed changed. I don't think a guy can sing so lovingly for a girl now a days.

    By the way , very interesting post.

    .

  3. हा हा हा!
    बाऊ जी,
    वक़्त-वक़्त की बात है!
    आशीष
    (झाड़ पर चढ़ गया हूँ. अगली पहली को उतार देना!!!)

  4. Bhushan says:

    @ Pallvi Ji, धन्यवाद. एक गाना यहाँ गा लेना अच्छा लगा :))
    @ Dr. Divya, बहुत-बहुत धन्यवाद.
    @ Ashish, शुक्रिया. अगली पहली को मेरी प्रतीक्षा करना :))

  5. बहुत सारे भाव और अर्थ समेटे आपकी यह पोस्‍ट शानदार है. बस यही कहेंगे, तेरे मैं सदके जावां…

  6. Babli says:

    वाह! बहुत बढ़िया लगा! कुछ अलग और नए अंदाज़ के साथ शानदार प्रस्तुती!

  7. बहुत मज़ेदार.

  8. Jyoti Mishra says:

    Loved the post..
    Finding such boys who can truly sing this song to their girls is a very tough job 🙂

    Enjoyed it.

    Regards..

  9. Bhushan says:

    Google+ पर

    बी एस पाबला – आता तो मेरे दिल में भी है
    12:05 PM
    Bharat Bhushan – पाबला जी खूब कहा है !!
    12:26 PM –
    malkhan singh – आपके ब्‍लॉग पर जाकर देखा, पढ़ा, बेहद शानदार और जानदार पोस्‍ट.
    12:27 PM

  10. नए अंदाज़ के साथ बढ़िया प्रस्तुती!!!

  11. हां, बात तो सही है,

    बड़ी मुश्किल है भई….!!

  12. मेरा भी पसंदीदा गीत है यह।

    ये भी सही कहा आपने कि वक्‍त के साथ चीजों के मायने बदल जाते हैं।

    ——
    जीवन का सूत्र…
    लोग चमत्‍कारों पर विश्‍वास क्‍यों करते हैं?

  13. Vivek Jain says:

    क्या बात है सर, बहुत सुन्दर लिखा है,
    आभार,
    विवेक जैन vivj2000.blogspot.com

  14. आपके कोमल ह्रदय की एक झांकी दिखी. बहुत सुन्दर.

  15. very interesting post……bhushan ji
    but i m late visit ur blog

  16. आदरणीय भूषण जी,
    शानदार पोस्ट

  17. कुछ अलग और नए अंदाज़ के साथ शानदार प्रस्तुती|

  18. ये विषय तो अपनी सीमा से बाहर का लगता है।

  19. अच्छा लगा आपका ये रूप .ये अंदाज़ बहुत ही अच्छा लगा .शुभकामना.

  20. बहुत खूब …सादर शुभकामनायें !

  21. boletobindas says:

    वह सर वह किया बात है….किया शानदार लिखा है आपने….मान गए…..किया गीत को नए रूप में ढाला है……वैसे आपके टाइम का ही नहीं….७० के दशक में पैदा होने वाले और ८० के दशक में बड़े होने वालो का गीत भी है यह…….यानि मेरे जसो का…मजेदार बात देखिये….२७-२८ जून को अमिताभ जी से मिला ….सच में बुदा होगा सबका बाप, अमिताभ तो होने से रहे….पहली बार किसी स्टार के लिए खड़ा रहा ..इंतज़ार किया…आज की पीडी में भी क्रेज है अमिताभ का तो गाना कसी पुराना हो सकता है…..भले कितने ही सहरुख नक़ल कर ले…लेकिन गाना और नायक महानायक है…..पोस्ट लिखेने की सोच रहा था….पर वय्सत था सो लिख नहीं पाया ….

  22. Sunil Kumar says:

    नए अंदाज़ के साथ शानदार प्रस्तुती!!!!!!!!

  23. Babli says:

    मेरे नए पोस्ट पर आपका स्वागत है-
    http://seawave-babli.blogspot.com/
    http://ek-jhalak-urmi-ki-kavitayen.blogspot.com/

  24. अरे वाह भूषण जी !
    लीक से हटकर मजेदार प्रस्तुति

  25. आदरणीय भूषण जी

    सादर प्रणाम !

    बहुत रोचक है आपकी यह पोस्ट भी … बधाई !

    पिछली न पढ़ी हुई पोस्ट्स भी इन दो दिनों में पढ़ चुका हूं । सबके लिए आभार और बधाई एक साथ स्वीकार करें ।

    आपको ज्ञात ही है , बहुत सारी परेशानियों के चलते नेट पर सक्रिय नहीं रह पा रहा … कृपा-स्नेह-अपनत्व बनाए रहें …

    हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं !

    – राजेन्द्र स्वर्णकार

  26. आपके ख्याल ने प्रभावित किया. स्वागत.

  27. कल 02/08/2011 को आपकी एक पोस्ट नयी पुरानी हलचल पर लिंक की जा रही हैं.आपके सुझावों का स्वागत है .
    धन्यवाद!
    माफ कीजयेगा पिछले कमेन्ट मे तारीख गलत हो गयी थी

  28. रोचक प्रस्तुति … 🙂

  29. आपको और आपके परिवार को हरियाली तीज के शुभ अवसर पर बहुत बहुत शुभकामनायें ……

    पोस्ट पर आपका स्वागत है
    दोस्ती – एक प्रतियोगिता हैं

  30. रेखा says:

    प्रस्तुति का अंदाज काफी अच्छा लगा . हरियाली तीज की शुभकामनाएँ

  31. बहुत दूर की कौडी खोज कर लाये हैं।

  32. बहुत ही अच्छी…

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